Crime NewsLatest NewsMaharashtra

वर्दी की आड़ में वारदात! फर्जी पुलिस बनकर युवाओं को बनाया शिकार

मुंबई पुलिस ने रत्नागिरी निवासी 31 वर्षीय शातिर ठग वैभव नर्कर को गिरफ्तार किया है, जो पुलिस अधिकारी बनकर महिलाओं और बेरोजगार युवाओं को ठगने का काम करता था। आरोपी पहले भी कई ठगी के मामलों में संलिप्त रहा है। पुलिस के अनुसार, नर्कर खुद को पुलिस सब-इंस्पेक्टर बताकर लोगों का भरोसा जीतता था और फिर उनसे करोड़ों रुपये की ठगी करता था। उसने सोशल मीडिया और मैट्रिमोनियल वेबसाइट्स पर पुलिस यूनिफॉर्म में अपनी तस्वीरें अपलोड कर महिलाओं को अपने झांसे में फंसाया। शादी का झांसा देकर वह उनसे नकद, कीमती गहने और अन्य वस्तुएँ ठग लेता था। एक मामले में उसने 33 वर्षीय महिला से शादी का वादा किया, उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए और फिर उससे लाखों रुपये की ठगी कर ली। बाद में महिला को पता चला कि वह पहले से शादीशुदा है और उसकी एक छह साल की बेटी भी है।

महिला की शिकायत पर मुंबई के नेहरू नगर थाने में मामला दर्ज किया गया। जांच में यह भी सामने आया कि नर्कर ने बेरोजगार युवाओं को नौकरी दिलाने के नाम पर फर्जी नियुक्ति पत्र और इंटरव्यू कॉल लेटर बनाकर ठगा। पुलिस के अनुसार, उसने कम से कम 40 से 50 लोगों से लाखों रुपये ऐंठे। सोलापुर साइबर पुलिस ने बताया कि नर्कर आदतन ठग है, जो झूठ और भावनात्मक हेरफेर से लोगों को अपने जाल में फंसाता था। वह खुद को वरिष्ठ अधिकारियों का रिश्तेदार बताकर विश्वास हासिल करता और फिर आर्थिक लाभ के लिए धोखाधड़ी करता था।

आरोपी के खिलाफ बलात्कार, धोखाधड़ी, ठगी और भावनात्मक शोषण की धाराओं में केस दर्ज किया गया है। मुंबई और सोलापुर पुलिस अब उसके ठगी नेटवर्क की जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसने कितने लोगों को निशाना बनाया। रत्नागिरी में उसकी सबसे बड़ी ठगी सामने आई है, जहां उसने लगभग 19 लाख रुपये की ठगी की थी। पुलिस के मुताबिक, नर्कर ने पूछताछ के दौरान जांच अधिकारियों को गुमराह करने की भी कोशिश की। फिलहाल आरोपी सोलापुर पुलिस की हिरासत में है और उसकी गिरफ्तारी से ठगी के कई और मामलों के खुलासे की उम्मीद है।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button